तुलसी का पौधा और परिवार

तुलसी का पौधा किचन के पास रखने से घर के सदस्यों में आपसी प्रेम, सामंजस्य बना रहता है।
अगर किसी व्यक्ति की संतान बहुत ज्यादा जिद्दी हो, बड़ो का कहना ना मानती हो तो उसे घर के पूर्व दिशा में रखे तुलसी के पौधे के तीन पत्ते रविवार को छोड़कर प्रतिदिन किसी भी तरह अवश्य ही खिलाएं, सन्तान का व्यवहार सुधरने लगेगा ।
मान्यता है कि यदि पूर्व दिशा में खिड़की के पास तुलसी का पौधा रखा जाए तो भी संतान आज्ञाकारी होती है।



माना जाता है कि यदि आपकी कन्या का विवाह नहीं हो रहा हो तो श्यामा तुलसी के पौधे को घर के दक्षिण-पूर्व में रखकर उसे नियमित रूप से (रविवार छोड़कर) जल अर्पण करें। इससे भी शीघ्र ही योग्य वर की प्राप्ति होती है ।
तुलसी के पत्ते बहुत ही पवित्र माने जाते है । यह हमारे जल एवं भोजन को शुद्ध और पवित्र करते हैं। इसीलिए किसी भी सूर्य या चंद्र ग्रहण के समयजल एवं भोजन में तुलसी के पत्ते डालें जाते हैं हमारे धर्म शास्त्रों के अनुसार इंसान की मृत्यु के बाद उस शव के मुख में तुलसी के पत्ते डाले जाते हैं। मान्यता है कि इससे मृतक को मोक्ष की प्राप्ति होती है।



किसी भी शुभ मुहूर्त में तुलसी की जड़ लाएं । रविवार या गुरुवार को जब पुष्य नक्षत्र हो तो उस दिन उस जड़ को गंगा जल से धोकर, धूप दीप दिखाकर, तिलक लगाकर पूजा करके पीले कपड़े में लपेटकर अपने दाहिने हाथ में बांध लें इस आसान उपाय से व्यक्ति का तेज बढ़ता है, कार्यों में सफलता की सम्भावना बढ़ जाती है, अधिकारी वर्ग प्रसन्न रहता है l अगर आपको लगता है कि लाख प्रयास के बाद भी आपका व्यापार उन्नति नहीं कर पा रहा तो आप किसी भी गुरुवार को श्यामा तुलसी के चारो ओर उग आई खर पतवार को किसी पीले वस्त्र में बांधकर अपने व्यापार स्थल में किसी साफ जगह रख दें, व्यापार में गति आ जाएगी ।
तुलसी का सेवन
घर से निकलने से पूर्व तुलसी के दर्शन करना बहुत ही शुभ एवं सफलता की निशानी माना जाता है।
प्रतिदिन दही के साथ चीनी और तुलसी के पत्तों का सेवन करना बहुत ही शुभ माना गया है। तुलसी के पत्तों का घर से निकलते समय सेवन करने से कार्यों में कोई भी संकट नहीं आते है ।
तुलसी का पत्तों के नित्य सेवन करना बहुत ही पुण्यदायक लाभदायक माना जाता है। साथ ही कई तरह के रोग हमसे दूर रहते हैं। क्योकि हमारे शरीर की रोगप्रतिरोधक क्षमता काफी बढ़ जाती है। लेकिन ध्यान रहे कि चबाना नहीं चाहिए।
विज्ञान के दृष्टिकोण से तुलसी एक औषधि है। आयुर्वेद में तुलसी को संजीवनी बुटि के समान माना जाता है। तुलसी में कई ऐसे गुण होते हैं जो बड़ी-बड़ी जटिल बीमारियों को दूर करने और उनकी रोकथाम करने में सहायक है।
तुलसी का पौधा घर में रखने से वातावरण पवित्र होता है और हवा में मौजूद बीमारी के कीटाणु भी नष्ट होते है। तुलसी की सुंगध हमें श्वास संबंधी कई रोगों से बचाती है।